Friday, 16 April 2021

 पाठको से निवेदन हैं की मेरी से जो भी भूल हो उसे बताने में न झिझके इससे मेरे लेखनी में  सुधार आ सकता है|

शाम के ४ बजे में, राहुल और अभिषेक एक सीसीडी में बैठे सोच रहे थे की ज़िन्दगी में बदलाव कैसे लाया जाये| हमें जॉब छोडें हुए २ साल से ऊपर हो गये लेकिन अभी तक हम लोगो ने जीवन में कुछ सार्थक नहीं किया| यहाँ तक की बहुत छोटें- छोटें काम जो की एक दिन में होने चाहिए उन्हें टालते टालते आज तीन महीने होने आये है| गुजरात में पैदा होने के कारण अभिषेक अपनी बोतें को कुछ अलग ढंग से कहते है| जो अब हमारें लिए अजीब नहीं हैं पर कई पाठकों को लग सकते है|

में काउंटर पर बिल देने गयी और cashier ने कहा की मैडम आपके पर 20 rupees चेंज है? मैंने अपना पर्स देखा तो उमसें चेंज नहीं थे मेने पीछे मुड़कर चेंज राहुल से मांगना चाहा तो वहाँ कोई नहीं था| मेरा मुंह गुस्से से लाल हो गया| मैंने कहा  NOT AGAIN, ये दोनों फिर रिचुअल करने चले गयें वो भी बिना बताएं| क्या बोलू इन लोगो को अब में, मेंने cashier को कहा नहीं हैं भैया सॉरी| उन्होंने मुझे कही से अर्रंगे करके चेंज दिया आर थैंक यू  कहा|

 में वापस आकर अपनी चेयर पर बैठ गयी और शीशे से बहार कबूतर के जोड़े को देखने लगी| और स्नेपचेट पर मुह बनाकर फोटोज लेने लगी| इतने में अभिषेक और राहुल आ गये और राहुल ने गुस्से में कहा फिर से फ़िल्टर वाली फोटोज ? तुम्हारे फ़ोन में कैमरा नहीं हैं क्या ?

मैंने कोई जवाब नहीं दिया और पूछा के बिना बताये क्यों गयें, ये कोई तरीका हैं| राहुल ने कहा रिचुअल के लिए गये थे|

राहुल ने कहा सुनो हमने क्या डीसाइड किया हैं, आज से लेकर  महीने तक हम स्मार्ट फ़ोन को सिर्फ दिन में २ घंटे के लिए ही ओंन करेंगे और बाकि टाइम ये छोटा सैमसंग वाला छोटा मोबाइल ओंन रहेगा जिसका नंबर सिर्फ कुछ लोगो के पास होगा| इस मोबाइल फ़ोन ने हमारी साडी एनर्जी ले रखी है हम अभी तक कही ठीक से फोकस नहीं कर पा रहे है| इन्हें देखों अभी तक लाइफ में कोई आ नहीं पाई हैं कहने को तो आठ लड़कियों से बात कर रहें है| 32 साल के होने वालें हैं पर न ध्यान में कोई गति हैं न करियर में और न की प्रेम मे| इन्होने मोबाइल को हर चीज का सबटीटुयुट  बना लिया है| राहुल ने टेबल पर रखा अभिषेक का मोबाइल हाथ में ले लिया और कहाँ आप इसे 30 दिनों के लिए यहीं छोड़ कर जायें और दूसरा छोटा फ़ोन उठातें हुए कहा की इससे काम चलाइए| अभिषेक के चहरे की रंगत उड़ गयी उनका सफ़ेद चेहरा एक दम से पिला पड़ गया|

Wednesday, 19 September 2018

Poor Soul

In scrolling metropolitan cities people are living vicarious life, even if their nature is gregarious they try to be otherwise showing each other nonchalant face.
Here we will be entering into a girl's life: she is always vacillating which gives her stomach ache. She has a peculiar and odd love story, she found love by chance and all her life she was flowing in the big ocean, where she has no control over anything which is going on in her life.